top of page
Search

मध्य प्रदेश सीमा पर कार्रवाई करने गई जलगांव पुलिस पर हमला और अपहरण: भीड़ की फायरिंग के जवाब में पुलिस ने भी फायरिंग की!

  • ssoni43
  • Feb 16, 2025
  • 2 min read
जलगांव जिले के चोपड़ा ग्रामीण पुलिस स्टेशन के अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच झड़प, एक गिरफ्तार
जलगांव जिले के चोपड़ा ग्रामीण पुलिस स्टेशन के अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच झड़प, एक गिरफ्तार

मध्य प्रदेश की सीमा पर उमरथी गांव के पास चोपड़ा ग्रामीण पुलिस स्टेशन के अधिकारियों और कर्मचारियों पर ग्रामीणों ने उस समय हमला कर दिया जब वे एक संदिग्ध आरोपी को गिरफ्तार करने गए थे। जब ग्रामीणों ने हवा में गोलियां चलाईं तो पुलिस ने भी जवाब में हवा में गोलियां चलाकर उनका मुकाबला करने की कोशिश की। इसमें 2 अधिकारी व कर्मचारी घायल हो गए। स्थानीय पुलिस की मदद से अपहृत कांस्टेबल को बचा लिया गया है।

इस संदर्भ में पुलिस अधीक्षक डॉ. महेश्वर रेड्डी ने मीडिया को यह जानकारी दी। चोपड़ा ग्रामीण पुलिस स्टेशन के इंस्पेक्टर को खुफिया सूचना मिली। गांव में देसी कट्टा सदियों से बनता आ रहा है। इसलिए, पुष्टि के लिए नकली ग्राहकों को उस स्थान पर भेजा गया। गांव का दक्षिणी भाग महाराष्ट्र में पड़ता है, जबकि उत्तरी भाग मध्य प्रदेश में पड़ता है। दक्षिणी भाग में देशी पिस्तौल बनाने वाले अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए चोपड़ा ग्रामीण पुलिस स्टेशन के सहायक पुलिस निरीक्षक शेषराव नितनवारे और उनके 7 कर्मचारी संदिग्ध आरोपियों को गिरफ्तार करने गए थे।

जब संदिग्ध को हिरासत में लिया जा रहा था, तो अचानक 100 से 150 लोगों की भीड़ पुलिस के सामने आ गयी। उन्होंने पुलिस पर हमला करने की कोशिश की। उनमें से कुछ ने हवा में गोलियां चलाईं। जवाब में पुलिस ने गोलियां चलाईं और भीड़ को तितर-बितर करने का प्रयास किया। उनमें से कुछ लोगों ने पुलिस कांस्टेबल शशिकांत पारधी का अपहरण कर लिया और उसे गांव ले गए। कुछ पुलिसकर्मियों की पिटाई की गई है। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस अधीक्षक डॉ. महेश्वर रेड्डी घटनास्थल पर पहुंचे। इस बीच, मध्य प्रदेश में स्थानीय पुलिस की मदद से अपहृत पुलिस कांस्टेबल शशिकांत पारधी को बचा लिया गया है।

इस बीच, चोपड़ा ग्रामीण पुलिस स्टेशन के कर्मचारियों ने संदिग्ध आरोपी पप्पी सिंह को हिरासत में ले लिया है।

गौरतलब है कि इस उम्र से ही गांव के सभी लोग देशी पिस्तौल बनाने का काम करते हैं। अगर आप इसे फैक्ट्री भी कह देंगे तो भी ये मान लेगा..लेकिन पुलिस पर इस तरह हमला करना और उन्हें बंधक बनाना बहुत ज्यादा है..?

 
 
 

Comments


Post: Blog2_Post

©2019 by Soninews. Proudly created with Wix.com

bottom of page